जालंधर/बरनाला:** पंजाब भर में आज पनबस और पीआरटीसी (PRTC) के कच्चे और अस्थायी कर्मचारियों द्वारा सरकार की ‘किलोमीटर स्कीम’ के विरोध में पूर्ण रूप से चक्का जाम हड़ताल कर दी गई है, जिसका व्यापक असर बरनाला में भी देखने को मिला। इस हड़ताल के कारण सरकारी बसें स्टैंडों पर ही खड़ी रहीं, जिससे आम जनता और दैनिक यात्रियों को भारी परेशानी और खजाल-ख्वारी (असुविधा) का सामना करना पड़ा। प्रदर्शनकारी कर्मचारियों ने साफ चेतावनी दी है कि यह हड़ताल तब तक जारी रह सकती है जब तक कि उनकी सभी जायज मांगें पूरी नहीं हो जातीं, उनका रुका हुआ वेतन जारी नहीं किया जाता और संगरूर की जेलों में बंद उनके साथी कर्मचारियों को रिहा नहीं कर दिया जाता।
कर्मचारी नेताओं ने आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर तीखा निशाना साधते हुए कहा कि सत्ता में आने से पहले अरविंद केजरीवाल और मुख्यमंत्री ने बड़े-बड़े वादे किए थे कि पंजाब में ‘आप’ की सरकार बनने के बाद किसी भी वर्ग को धरने पर बैठने की जरूरत नहीं पड़ेगी। लेकिन आज स्थिति बिल्कुल विपरीत है; अपने अधिकारों की मांग कर रहे शांतिपूर्ण कर्मचारियों को पुलिस के डंडे के जोर पर उठाया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि पहले पटियाला और बीते कल बरनाला के डीसी दफ्तर के पास सेवा केंद्र के कर्मचारियों के शांतिपूर्ण धरने को पुलिस ने जबरन खत्म करवाकर कर्मचारियों को थानों में नजरबंद कर दिया। नेताओं ने कहा कि आज सुबह से ही उनके ऊपर भी पुलिस कड़ा पहरा और निगरानी रख रही है, जो हक मांगने वाले कर्मचारियों के लोकतांत्रिक अधिकारों पर सरासर डाका है और वे सरकार की इस तानाशाही के आगे झुकने वाले नहीं हैं।
Punjab में पनबस और PRTC के कच्चे कर्मचारियों की चक्का जाम हड़ताल; किलोमीटर स्कीम का विरोध, यात्री हुए बेहाल**
