राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने 31 जनवरी को बजट सत्र के पहले दिन ऐतिहासिक केंद्रीय कक्ष में दोनों सदन कीसंयुक्त बैठक में अपना पहला अभिभाषण दिया था।
उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती यूपीए सरकार के 2004 से 2014 तक का काल आजादी के इतिहास में सबसेअधिक घोटालों का दशक रहा है और संप्रग सरकार के इन दस साल के कार्यकाल में कश्मीर से कन्याकुमारीतक हर कोने में भारत के लोग असुरक्षित महसूस करते थे।
प्रधानमंत्री के जवाब के दौरान सदन में कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी भी मौजूद थे। कांग्रेस का नाम लियेबिना उसके घटते जनाधार पर कटाक्ष करते हुए प्रधानमंत्री ने प्रसिद्ध कवि दुष्यंत की पंक्तियां पढ़ीं, ‘‘तुम्हारे पांवके नीचे कोई जमीन नहीं है, कमाल यह है कि फिर भी तुम्हें यकीन नहीं है।
